आस्था अपडेट ,महाशिवरात्रि का पावन पर्व इस साल 08 मार्च को है। इस दिन महादेव के भक्त व्रत रखते हैं मंदिर जाकर पूजा करते हैं। साथ ही इस दिन शिवलिंग का अभिषेक जरूर करते हैं। महादेव को प्रसन्न करने के लिए रुद्राभिषेक को बड़ा ही चमत्कारी माना गया है। मान्यता है कि महाशिवरात्रि के दिन शिवलिंग का रुद्राभिषेक करने से सारे दुख दूर हो जाते हैं। साथ ही मनचाही सफलता मिलती है। अलग-अलग कामनाओं के लिए अलग-अलग पूजन सामग्री के साथ शिव जी का रुद्राभिषेक किया जाता है। यदि आपकी भी कोई मनोकामना है तो महाशिवरात्रि पर रुद्राभिषेक जरूर करें। चलिए जानते हैं मनोकामना के अनुसार रुद्राभिषेक के अलग-अलग प्रकार और महत्व
जल से अभिषेक :- शिवलिंग का जलाभिषेक सबसे सरल और शुभ फलदायी माना जाता है। जल की धारा भगवान भोले शंकर को अत्यंत प्रिय है। मान्यता है कि शुद्ध जल से भगवान शिव का अभिषेक करने पर वर्षा होती है। इसके अलावा जल से अभिषेक करने से तेज ज्वर भी शांत हो जाता है।
तीर्थ के जल से अभिषेक :- यदि आप जन्म-मरण के चक्र से मुक्ति पाना चाहते हैं तो महाशिवरात्रि के दिन किसी तीर्थ स्थल के जल से शिवलिंग का अभिषेक करें। ऐसी मान्यता है कि तीर्थ के जल से अभिषेक करने पर मोक्ष की प्राप्ति होती है।
दुध और घी से रुद्राभिषेक :- आरोग्यता, सुख-समृद्धि और आनंद की प्राप्ति के लिए महाशिवरात्रि के दिन गाय के दुध और शुद्ध घी से शिवलिंग का अभिषेक करें। वहीं घी की धारा से अभिषेक करने से वंश का विस्तार होता है।
पंचामृत से रुद्राभिषेक:- महाशिवरात्रि पर पंचामृत से अभिषेक करना बेहद शुभ माना जाता है। यदि मन में कोई कामना है तो पंचामृत से शिवजी का रुद्राभिषेक जरूर करें। इससे सभी इच्छाएं पूरी होती हैं।
शहद से रुद्राभिषेक :- शिक्षा में सफलता प्राप्त करना चाहते हैं तो महाशिवरात्रि पर शहद से शिवलिंग का रुद्राभिषेक करें।इससे शिक्षा में सफलता मिलने के साथ ही व्यक्ति को सम्मान और ऊंचा पद प्राप्त होता है। इसके अलावा शहद से अभिषेक करने से कुंडली में शुक्र ग्रह मजबूत होता है।
इत्र से रुद्राभिषेक :- यदि आप नींद की समस्या से परेशान रहते हैं या किसी प्रकार का तनाव है तो महाशिवरात्रि के दिन इत्र मिले जल से शिवलिंग का अभिषेक करें। मान्यता है कि इत्र से रुद्राभिषेक करने से मानसिक शांति मिलती है।
गन्ने के रस से रुद्राभिषेक:- यदि आप काफी समय ये धन की समस्या से परेशान हैं या फिर कर्ज में डूबे हुए हैं तो गन्ने के रस से शिवलिंग का अभिषेक करें।
सरसों के तेल से रुद्राभिषेक :- मान्यता है कि सरसों के तेल से रुद्राभिषेक करने पर शत्रु पराजित होते हैं। ऐसे में यदि आप गुप्त शत्रु पर विजय पाना चाहते हैं तो महाशिवरात्रि के दिन शिवलिंग का सरसों के तेल से अभिषेक करें।
दही से रुद्राभिषेक :- मान्यता है कि दही से रुद्राभिषेक करने से किसी कार्य में आ रही बाधाएं दूर होती हैं। साथ ही गृह क्लेश भी दूर होता है। ऐसे में सुख-शांति के लिए महाशिवरात्रि के दिन दही से रुद्राभिषेक करें।
भांग से रुद्राभिषेक :- भांग शिव जी को अति प्रिय है। यही वजह की शिव पूजा में भांग की पत्तियों का इस्तेमाल जरूर होता है। यदि आपके परिवार में लड़ाई-झगड़ा, महामारी, बीमारियां चलती रहती हैं तो महाशिवरात्रि के दिन भांग से रुद्राभिषेक करें।




