हिमाचल न्यूज ,हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट में मंगलवार को निर्दलीय विधायक आशीष शर्मा और चैतन्य शर्मा के पिता एवं उत्तराखंड के पूर्व मुख्य सचिव राकेश शर्मा के खिलाफ दर्ज एफआईआर रद्द करवाने के मामले में अदालत ने कांग्रेस विधायक भुवनेश्वर गौड़ और संजय अवस्थी को दस्ती नोटिस जारी किए। अदालत ने प्रतिवादियों को 24 मई तक अपना पक्ष रखने को कहा है। याचिकाकर्ताओं ने अदालत से मांग की थी कि इस मामले में प्रतिवादियों को नोटिस किए जाएं, क्योंकि इनको सुने बिना अदालत एफआईआर रद्द नहीं कर सकती है। न्यायाधीश बिपिन चंद्र नेगी की अदालत इस मामले की सुनवाई कर रही है। अगली सुनवाई 24 मई को होगी।बता दें कि कांग्रेस के विधायक एवं मुख्य संसदीय सचिव संजय अवस्थी व विधायक भुवनेश्वर गौड़ के शिकायत पत्र पर पुलिस ने यह मामला दर्ज किया है। कांग्रेस विधायकों ने आशीष शर्मा और राकेश शर्मा पर आरोप लगाए गए हैं कि राज्यसभा चुनाव को लेकर बड़े स्तर पर खरीद-फरोख्त की गई है। इतना ही नहीं, बजट सत्र में वित्त विधेयक पास न हो पाए और प्रदेश सरकार को अस्थिर करने के लिए भी साजिश रची गई। राज्य सरकार को सत्ताविहीन करने के लिए हेलिकाप्टर, अर्ध सैनिक बलों और गाड़ियों का इस्तेमाल किया गया। निर्दलीय विधायक आशीष शर्मा और उत्तराखंड के पूर्व मुख्य सचिव राकेश शर्मा ने इन आरोपों के विरुद्ध उच्च न्यायालय में याचिका दायर की है। इसमें इन दोनों ने एफआईआर को रद्द करने की मांग अदालत से की है।




