
कुल्लू अपडेट,ऐक्टिव मोनाल कल्चरल ऐसोसिएशन कुल्लू के रंगकर्मीयों द्वारा आसपास के सरकारी स्कूलों में आयोजित की गई निःशुल्क कार्यशालाओं से पनपे नाटकों का ‘बाल नाट्योत्सव’ देव सदन कुल्लू में बच्चों की एक से बढ़ कर एक नाट्य प्रस्तुतियों के मंचन से सम्पन्न हुआ। नाट्योत्सव का आगाज़ राजकीय प्राथमिक पाठशाला शमशी के नाटक ‘शेर का शिकार’ से हुआ जिसे बच्चों ने संस्था की युवा रंगकर्मी पायल व आंचल के निर्देशन में तैयार किया था। दूसरा नाटक संस्था की वरिश्ठ रंगकर्मी मीनाक्षी के निर्देशन में राजकीय वरिश्ठ माध्यमिक पाठषाला गांधीनगर के विद्यार्थियों ने ‘चिड़ियों का अनशन’ किया। इस नाटक ने अपने पर्यावरण और जंगल बचाने का संदेश दिया। तीसरा नाटक ऐक्टिव मोनाल संस्था के बाल कालाकारों ने परमानन्द पिंकू के निर्देशन में ‘पैसों का पेड़’ प्रस्तुत किया और उपस्थित दर्षकों गुदगुदाया। चौथा नाटक संस्था के अध्यक्ष एवं निर्देषक केहर सिंह ठाकुर के निर्देशन में राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला ढालपुर के बच्चों ने हास्य व्यंग्य से भरपूर ‘बोलता गधा’ प्रस्तुत किया। इस नाटक ने दर्शकों को खूब हंसाया। पांचवा नाटक रहा ‘सोने की चिड़िया’ जो राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला मौहल के छात्रों ने परमानन्द पिंकू के निर्देशन में प्रस्तुत किया। छठा नाटक मानवीय संवेदनाओं से भरपूर राजकीय वरिश्ठ माध्यमिक पाठशाला भुंतर के विद्यार्थियों ने ‘स्वार्थी दानव’ प्रस्तुत किया। रेवत राम विक्की के निर्देशन में प्रस्तुत किया गया यह नाटक दिखाता है कि कैसे एक दानव भी जब लोभ मोह और स्वार्थ त्याग देता है तो मोक्ष प्राप्त करता है। नाट्योत्सव का आन्तिम नाटक केहर सिंह ठाकुर के निर्देशन में ‘सीरत बदलो सूरत बदल जाएगी’ राजकीय कन्या वरिश्ठ माध्यमिक पाठशाला सुल्तानपुर की छात्राओं ने किया और उपस्थित दर्शकों को संदेश दिया कि असल में हमें अपने समाज में सफाई करनी चाहिए तभी हमारा समाज साफ सुथरा होगा न कि सैल्फी खींचकर फेस बुक और अन्य सोशल मीडिया के माध्यमों पर अपलोड कराने से होगी। इस जीवन के विभिन्न रंगों और संदेषों को देता यह रंग विरंगा बाल रंग मेला 2025 सम्पन्न हुआ। इसमें लगभग 120 बच्चों अपनी अपनी नाट्य प्रस्तुतियां दी।



