
राज्यपाल ने थुनाग, बगस्याड़ और जंजैहली का दौरा कर प्रभावितों को दी राहत सामग्री, कहा – हरसंभव मदद दी जाएगी और हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल ने रविवार को मंडी जिले के सराज विधानसभा क्षेत्र के आपदा प्रभावित क्षेत्रों — थुनाग, बगस्याड़ और जंजैहली का दौरा किया। उन्होंने आपदा से प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर उनकी स्थिति की जानकारी ली और राहत सामग्री वितरित की।
राज्यपाल ने सबसे पहले थुनाग क्षेत्र का दौरा कर स्थानीय लोगों से संवाद किया। उन्होंने कहा कि यह क्षेत्र हालिया आपदा से सबसे अधिक प्रभावित हुआ है, जहाँ लोगों की निजी संपत्ति, भूमि और पशुधन को भारी नुकसान पहुँचा है।
₹3 करोड़ की सहायता को दी गई स्वीकृति
राज्यपाल ने जानकारी दी कि इस क्षेत्र के लिए 3 करोड़ रुपये से अधिक की सहायता राशि के प्रस्तावों को अंतिम स्वीकृति प्रदान की जा चुकी है। उन्होंने कहा, “क्षति की भरपाई पूर्ण रूप से संभव नहीं है, लेकिन राज्य सरकार हरसंभव सहायता प्रदान करेगी। उन्होंने स्थानीय निवासियों के धैर्य और हौसले की सराहना करते हुए कहा कि इतने बड़े नुकसान के बावजूद लोगों का मनोबल अनुकरणीय है। यह पूरे राज्य के लिए एक मिसाल है।
बगस्याड़ और जंजैहली में भी प्रभावितों से मुलाकात
राज्यपाल शुक्ल ने बगस्याड़ राहत शिविर और थुनाग के लोक निर्माण विभाग विश्राम गृह में भी आपदा पीड़ितों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होंने पंचायत घर पखरैर का दौरा कर झुंडी और पखरैर पंचायतों के प्रभावित क्षेत्रों का भी जायजा लिया। इसके पश्चात वे जंजैहली पहुँचे, जहाँ उन्होंने प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर सांत्वना दी और हरसंभव सहायता का आश्वासन दिया।
राजभवन की तरफ से निरंतर सहायता
राज्यपाल ने बताया कि राजभवन की ओर से अब तक राहत सामग्री से भरे पांच वाहन मंडी जिला को भेजे जा चुके हैं और एक वाहन कुल्लू जिला को भेजा गया है। यदि आगे भी आवश्यकता पड़ी तो राजभवन तत्परता से और सहायता भेजेगा।
भविष्य की तैयारियों पर ज़ोर
राज्यपाल ने कहा कि यह आपदा एक गंभीर चेतावनी है, और आगे ऐसी स्थितियों की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए गंभीर और दीर्घकालिक रणनीति तैयार की जानी चाहिए। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण को लेकर सर्वोच्च न्यायालय द्वारा दिए गए दिशा-निर्देशों को महत्वपूर्ण बताया और कहा कि सभी को इन पर अमल करना चाहिए।
उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा भेजी गई विशेषज्ञ टीम आपदा के कारणों और क्षति का आकलन कर रही है, ताकि भविष्य में बेहतर प्रबंधन किया जा सके।
प्रशासनिक अधिकारी भी रहे उपस्थित
राज्यपाल के साथ इस दौरे में नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर, राज्यपाल के सचिव सीपी वर्मा, डीसी मंडी अपूर्व देवगन, एएसपी सचिन हीरेमठ सहित जिला प्रशासन के अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे।



