Search
Close this search box.

3 क्रिकेटर जिन्होंने भारत और पाकिस्तान दोनों के लिए खेला, एक बना पाकिस्तान का पहला कप्तान

 भारत और पाकिस्तान के बीच क्रिकेट की प्रतिद्वंद्विता भले ही बहुत गहरी हो, लेकिन इतिहास में ऐसे कुछ क्रिकेटर रहे हैं जिन्होंने दोनों देशों के लिए टेस्ट क्रिकेट खेला है। यह मुमकिन हो सका भारत-पाक बंटवारे (1947) के समय, जब कई खिलाड़ी उस वक्त की परिस्थिति के चलते देश बदलने को मजबूर हुए।

ऐसे ही तीन क्रिकेटर हैं — अब्दुल हफीज कारदार, गुल मोहम्मद और आमिर इलाही, जिन्होंने भारत और पाकिस्तान दोनों के लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेला। इन तीनों में सबसे चर्चित नाम है अब्दुल हफीज कारदार, जो बाद में पाकिस्तान के पहले टेस्ट कप्तान भी बने।

1. अब्दुल हफीज कारदार – भारत और पाकिस्तान दोनों के लिए कप्तानी स्तर का योगदान

अब्दुल कारदार ने भारत के लिए 1946 में इंग्लैंड के दौरे पर तीन टेस्ट मैच खेले। बंटवारे के बाद वे पाकिस्तान चले गए और 1952 से 1958 तक 23 टेस्ट में पाकिस्तान की कप्तानी की। उन्होंने 927 रन बनाए और 21 विकेट लिए। कारदार को पाकिस्तान क्रिकेट का ‘पितामह’ कहा जाता है और उन्हीं की कप्तानी में पाकिस्तान ने भारत के खिलाफ पहली टेस्ट जीत दर्ज की।

2. गुल मोहम्मद – भारत के खिलाफ पाकिस्तान से खेले

गुल मोहम्मद का जन्म लाहौर में हुआ था। उन्होंने 1946 से 1952 तक भारत के लिए 8 टेस्ट मैच खेले। बाद में 1955 में पाकिस्तान चले गए और वहां से एक टेस्ट मैच खेला। वे भारत और पाकिस्तान दोनों के लिए खेल चुके इकलौते खिलाड़ी हैं जिन्होंने पाकिस्तान के लिए भारत के खिलाफ मैच भी खेला।

3. आमिर इलाही – भारत के लिए डेब्यू, पाकिस्तान के लिए विदाई

आमिर इलाही ने भारत के लिए आजादी के बाद 1947 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ डेब्यू किया। बाद में वे पाकिस्तान चले गए और 1952 में भारत दौरे पर पाकिस्तानी टीम का हिस्सा बने। उन्होंने भारत के खिलाफ 5 टेस्ट मैच खेले और 81 रन व 7 विकेट लिए।

ये तीनों क्रिकेटर उस ऐतिहासिक दौर की मिसाल हैं जब बंटवारे ने ना सिर्फ देशों को, बल्कि खेल की दुनिया को भी बदल दिया। इनके नाम आज भी क्रिकेट इतिहास में अनोखे उदाहरण के तौर पर दर्ज हैं।

Kullu Update
Author: Kullu Update

यह भी पढ़ें

टॉप स्टोरीज