
हिमाचल प्रदेश में लंबे समय से लंबित पटवारी भर्ती प्रक्रिया अब जल्द ही शुरू होने की संभावना है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि जैसे ही नए भर्ती नियमों को अंतिम मंजूरी मिलेगी, 874 पदों पर भर्ती का रास्ता साफ हो जाएगा। यह प्रक्रिया राज्य चयन आयोग के माध्यम से की जाएगी।
यह जानकारी राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी ने विधानसभा के मानसून सत्र के पहले दिन भाजपा विधायक सुधीर शर्मा के प्रश्न के लिखित उत्तर में दी। उन्होंने बताया कि 2023 में मंजूर किए गए 874 पद अब तक सिर्फ इस कारण से नहीं भरे जा सके हैं क्योंकि नई भर्ती नियमावली अभी अंतिम रूप नहीं ले पाई है।
जिला कैडर से स्टेट कैडर में बदलाव बना देरी का कारण
मंत्री ने बताया कि सरकार ने पटवारी के पदों को जिला कैडर से स्टेट कैडर में परिवर्तित कर दिया है। लेकिन पूर्ववर्ती भर्ती नियम 2009 और 2013 में स्टेट कैडर की कोई व्यवस्था नहीं थी, इसलिए नए नियम बनाना जरूरी हो गया।
इन नियमों को संशोधित करने के लिए सरकार को कार्मिक, वित्त और विधि विभाग से अनुमति लेनी होती है। अब तक कार्मिक और वित्त विभाग की अनुमति मिल चुकी है, जबकि विधि विभाग के अनुमोदन के लिए ड्राफ्ट भेजा गया है। विधि विभाग से स्वीकृति मिलते ही यह मसला भर्ती एजेंसी को सौंप दिया जाएगा।
जल्द शुरू होगी भर्ती प्रक्रिया
सरकार का कहना है कि जैसे ही ड्राफ्ट को अंतिम मंजूरी मिलती है, रिक्विजिशन (भर्ती का प्रस्ताव) राज्य चयन आयोग को भेज दिया जाएगा, और भर्ती प्रक्रिया औपचारिक रूप से आरंभ हो जाएगी।
हिमाचल में पटवारी भर्ती का रास्ता लगभग साफ हो चुका है। नियमों में बदलाव की प्रक्रिया अंतिम चरण में है और सरकार ने भरोसा दिलाया है कि अब देरी नहीं होगी। राज्य के युवाओं के लिए यह एक बड़ी राहत और उम्मीद की खबर है।



