
जिला कुल्लू की खराहल घाटी में प्रस्तावित बिजली महादेव रोप-वे परियोजना के विरोध में अब आंदोलन की आवाज दिल्ली के जंतर मंतर तक पहुंचने जा रही है। स्थानीय लोगों, देव समाज और रोपवे विरोध समिति ने मिलकर इस परियोजना को रद्द करने की मांग तेज कर दी है।
एचपीएमसी के पूर्व चेयरमैन राम सिंह ने ढालपुर में पत्रकारों को जानकारी देते हुए बताया कि पहले कुल्लू में विशाल रैली का आयोजन किया गया था और अब विरोध का अगला चरण राष्ट्रीय राजधानी में धरना प्रदर्शन के रूप में होगा। उन्होंने कहा कि इस मुद्दे पर प्रधानमंत्री कार्यालय को भी एक विस्तृत पत्र भेजा गया है, जिसमें क्षेत्र की भौगोलिक संवेदनशीलता और लोगों की धार्मिक आस्था को प्रमुखता से उठाया गया है।
राम सिंह ने बताया कि लगातार हो रही बारिश से पहाड़ियों में दरारें और भूस्खलन की घटनाएं सामने आ रही हैं। बिजली महादेव क्षेत्र भी इससे अछूता नहीं है और भविष्य में बड़ा खतरा उत्पन्न हो सकता है। ग्रामीणों का कहना है कि यह आस्था का विषय है और देवताओं की अनुमति के बिना किसी भी प्रकार का निर्माण स्वीकार्य नहीं होगा।
रोपवे विरोध समिति और स्थानीय लोग केंद्र सरकार से परियोजना को रद्द करने की मांग कर रहे हैं और चेतावनी दी है कि यदि मांग नहीं मानी गई, तो विरोध और उग्र हो सकता है।
दिल्ली के जंतर मंतर पर होगा बिजली महादेव रोपवे का विरोध ,प्रधानमंत्री कार्यालय को भेजा गया विरोध पत्र ,स्थानीय देव समाज ने भी जताई आपत्ति
भूस्खलन और दरारों से इलाके में बढ़ा खतराम,धार्मिक आस्था को ठेस पहुंचाने पर आंदोलन की चेतावनी,यह मुद्दा अब सिर्फ विकास बनाम पर्यावरण नहीं, देव आस्था और सांस्कृतिक विरासत का भी बन चुका है।



