
हिमाचल के चंबा में बारिश ने मचाई तबाही, मणिमहेश यात्रा भी बाधित
डलहौजी (हिमाचल प्रदेश)। हिमाचल के चंबा जिले में देर रात से जारी भारी बारिश के चलते हालात बेहद खराब हो गए हैं। डलहौजी के तलाई और महल क्षेत्र में बादल फटने की घटनाएं सामने आई हैं, जिससे नाले उफान पर आ गए हैं। मणिमहेश यात्रा मार्ग पर सुंदराशि में भी बादल फटने से पानी के तेज बहाव ने यात्रा को रोक दिया है।
HRTC बस बाल-बाल बची, सेकेंडों में टला बड़ा हादसा
दिल्ली से चंबा की ओर आ रही HRTC की वॉल्वो बस जैसे ही बाथरी के पास पटना मोड़ पर पहुंची, ऊपर से भारी भूस्खलन शुरू हो गया। चीड़ के विशाल पेड़ों के साथ हजारों टन मलबा सड़क पर गिरा। गनीमत यह रही कि बस कुछ ही सेकंड पहले उस स्थान से गुजर चुकी थी, वरना बड़ा हादसा हो सकता था।
बस को हल्का नुकसान हुआ है, लेकिन सभी यात्री सुरक्षित हैं।
नालों में उफान, घरों में घुसा मलबा और गंदा पानी
महल के पास बादल फटने से निकला गंदा पानी और दलदल नाले से बहता हुआ लोगों के घरों में घुस गया।
घोलटी सरोल में नाले के तेज बहाव के कारण घरों में गंदा पानी भर गया है, जिससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
हर सड़क पर भूस्खलन, बाइक सवार की जान बची
जुलाहकड़ी के पास भूस्खलन के दौरान एक बाइक सवार बाल-बाल बचा।
एनएच154A (चंबा-पठानकोट मार्ग) पर भी लगातार भूस्खलन जारी है।
भारी बारिश के चलते जिला मुख्यालय को जोड़ने वाली लगभग हर सड़क पर मलबा आया है।
विभाग ने भारी मशीनरी तैनात कर रास्ते खोलने का काम शुरू कर दिया है।
मौसम विभाग का अलर्ट जारी
मौसम विभाग ने चंबा समेत हिमाचल के कई जिलों में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।
पर्वतीय क्षेत्रों में लोगों को गैर जरूरी यात्रा से बचने और सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
डलहौजी और आसपास के इलाकों में बारिश से उत्पन्न हालात चिंताजनक हैं। HRTC बस हादसे से बच गई, लेकिन यह स्पष्ट संकेत है कि प्राकृतिक आपदा कभी भी किसी को चौंका सकती है।
प्रशासन ने राहत और बचाव कार्य तेज कर दिए हैं, लेकिन मौसम की स्थिति को देखते हुए अगले कुछ दिन और सावधानी बरतने की जरूरत है।.



